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मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने संगीत-निर्देशक उत्तम सिंह एवं पार्श्व गायक सुश्री के.एस. चित्रा को सम्मानित किया
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने राष्ट्रीय लता मंगेशकर सम्मान अलंकरण समारोह में कलाकारों को सम्मानित किया
राष्ट्रीय लता मंगेशकर सम्मान अलंकरण समारोह एवं संगीत संध्या का मुख्य आयोजन हुआ
इंदौर, 28 सितंबर । स्वर कोकिला भारत रत्न स्व. लता मंगेशकर जी का नाम एक अद्वितीय गायिका के रूप में देदीप्यमान है। उनके नाम से प्रदान किये जाने वाले सम्मान समारोह में आज पांच पीढ़ी बैठी नजर आ रही है। उन्होंने अपने जीवन में अनेक उतार चढ़ाव और संघर्ष के बावजूद संगीत के क्षेत्र में अपनी एक अलग पहचान बनाई। उनके जीवन के विविध पक्षों और जीवटता उनकी आवाज में सुनाई देती है।
यह बात आज मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने राष्ट्रीय लता मंगेशकर सम्मान अलंकरण समारोह एवं संगीत संध्या के सम्मान समारोह के अवसर पर कही। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि लता दीदी ने कई पीढ़ी के गायकों के साथ सुमधुर गीत गाये। माँ सरस्वती को हमने ना देखा और ना सुना है, लेकिन लता जी की सुमधुर आवाज को सुन कर हमें साक्षात वीणा वादिनी का अहसास और स्पंदन होता है। उनकी जीवटता और उनके जीवन की यात्रा से हमें बहुत कुछ सीखने को मिलता है। उन्होंने स्वर साधना के मार्ग को अपनाकर ख्याति पाई। उनके गीतों ने आजादी के पहले और उसके बाद के कालखंड में गीतों की विविधता से सुमधुर गीतों की अलग पहचान दिलाई। उन्होंने अन्य कलाकारों के हक के लिये भी लड़ाई लड़ी। लता जी ने पूरी दुनिया में भारत का सम्मान बढ़ाया।
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी और स्वर कोकिला भारत रत्न लता मंगेशकर का भाई-बहन का रिश्ता था। लता दीदी के सम्मान में उनकी अंतिम यात्रा में वे स्वयं पहुंचे। उन्होंने कहा कि हॉउस ऑफ कामन में प्रस्तुति देकर भारत का गौरव लता दीदी और सुश्री के.एस. चित्रा ने बढ़ाया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि राष्ट्रीय लता मंगेशकर सम्मान अलंकरण समारोह के माध्यम से संगीतकार श्री उत्तम सिंह एवं पार्श्व गायिका सुश्री के.एस. चित्रा की स्वर साधना को आज यह सम्मान प्रदान करते हुए वे गौरवान्वित महसूस कर रहे हैं। उन्होंने कहा दोनो कलाकार संगीत के विश्वविद्यालय के रूप में है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि लता मंगेशकर अलंकरण समारोह प्रतिवर्ष आयोजित किया जाये।
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव इस समारोह में वर्ष 2022 के लिए संगीत-निर्देशन के क्षेत्र में श्री उत्तम सिंह और वर्ष 2023 के लिए पार्श्व गायन के क्षेत्र में सुश्री के.एस. चित्रा को राष्ट्रीय लता मंगेशकर सम्मान अलंकरण प्रदान किया। उन्होंने श्री सिंह एवं सुश्री चित्रा का शाल-श्रीफल, प्रशस्ति पत्र एवं 2 लाख रुपए सम्मान राशि का चेक भेट कर सम्मान किया।
राज्य शासन के संस्कृति विभाग द्वारा जिला प्रशासन के सहयोग से राष्ट्रीय लता मंगेशकर सम्मान अलंकरण समारोह एवं संगीत संध्या का मुख्य आयोजन इंदौर स्थित लता मंगेशकर सभागृह में हुआ। कार्यक्रम में राज्य शासन के संस्कृति, पर्यटन एवं धार्मिक न्यास एवं धर्मस्व मंत्री धर्मेन्द्र सिंह लोधी ने कार्यक्रम की रूप रेखा प्रस्तुत की। समारोह में महिला सशक्तिकरण एवं बाल विकास केन्द्रीय राज्यमंत्री सावित्री ठाकुर, जल संसाधन मंत्री तुलसीराम सिलावट, सांसद शंकर लालवानी, महापौर पुष्यमित्र भार्गव, विशेष अतिथि स्थानीय विधायकगण रमेश मेंदोला, मालिनी गौड़, उषा ठाकुर, गोलू शुक्ला, गौरव रणदिवे उपस्थित थे। कार्यक्रम में संभागायुक्त श्री दीपक सिंह, पुलिस कमिश्नर श्री राकेश गुप्ता, कलेक्टर श्री आशीष सिंह, मध्य प्रदेश संस्कृति विभाग के डायरेक्टर श्री एन.पी. नामदेव सहित बड़ी संख्या गणमान्यजन एवं दर्शक उपस्थित हुए।
कार्यक्रम में संस्कृत विभाग के डायरेक्टर श्री एन पी नामदेव ने श्री उत्तम सिंह एवं सुश्री के एस चित्रा को प्रदान किए जा रहे सम्मान का वाचन किया। सम्मान समारोह के पश्चात पार्श्व गायिका सुश्री के एस चित्रा ने सुमधुर गीतों की प्रस्तुति दी।


